MK Sir inspiration

Class 12 Biology Chapter 2 मानव जनन | 100% बोर्ड में आने वाले महत्वपूर्ण प्रश्नोत्तर – Hindi Medium

Class 12 Biology Chapter 2 Important Questions in Hindi

प्रश्न 1. सर्टोलि कोशिकाओं के बारे मे जानिए।

उत्तर: सर्टोलि कोशिकाओं वृषण की शुक्रजनक नलिकाओं की जो भित्ति में जनन कोशिकाएं होती हैं उनके बीच में स्थित फूली हुई और लंबी पोषक कोशिकाएं होती है। जो पहले से विकसित शुक्राणु होते है वह अपने सिर के द्वारा सर्टोलि कोशिकाओं में धंसे होते है और उसमें ही अपना पोषण पाते है।

प्रश्न 2. महिलाओं में निषेचन कला का काम बताइए और डिम्बाणु का निषेचन कहा होता हैं?

उत्तर: महिलाओं में निषेचन कला बनने के बाद दूसरे शुक्राणु डिम्बाणु में नहीं आ पाते है और महिलाओं में डिम्बाणु का निषेचन फेलोपियन ट्यूब में होता हैं।

प्रश्न 3. शुक्राणु जनन किसे कहते है।

उत्तर: स्पर्मेटिव के जो चल शुक्राणु होते है उसके कायान्तरण को ही शुक्राणु जनन कहा जाता है।

प्रश्न 4. लेडीग कोशिकाओं के क्या काम है। जानते है?

उत्तर:लेडीग कोशिकाएं वृषण में होती है यह नर (आदमी) टेस्टोस्टेरॉन और हार्मोन एंड्रोजन का स्राव करती हैं। यह नर के दोबारा लैंगिक के लिए शुक्राणु को बनाने में सहायक होता हैं।

प्रश्न 5. आर्तव‌ चक्र शुरू क्यों होता है।

उत्तर: आर्तव‌ चक्र प्रोजेस्ट्रॉन के कमी होने पर शुरू होता है।

प्रश्न 6. अणडाशय और वृषण के मुख्य काम क्या है। जानते है?

उत्तर: अणडाशय के मुख्य काम :–

स्त्रियों का प्राथमिक जनन अंग हैं अणडाशय है इसका काम मादा युग्मक अंडाणु को बनाना है।

वृषण का मुख्य काम:–

वृषण पुरुष का जनन अंग है और इसका मुख्य काम यह है कि ये नर युग्मक शुक्राणु बनाता है।

प्रश्न 7. लैंगिक जनन से आप क्या समझते है और मानव शरीर में नर तथा मादा युग्मक कहा बनते है।

उत्तर: लैंगिक जनन एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें नर में शुक्राणु और मादा में अंडाणु बनता है और इन दोनों के निषेचन से युग्मनज बनता है इसी प्रक्रिया को लैंगिक जनन कहते है। जिसके बाद युग्मनज से भ्रुण का विकास होता हैं और शिशु का जन्म होता है।

नर युग्मक वृषण की शुक्रजनन नलिकाओं में बनता है और मादा युग्मक अंडाशय की ग्राफियन पुटिका में बनता हैं।

प्रश्न 8. अपरा की परिभाषा और इसके मुख्य कार्य जानिए।

उत्तर: अपरा भ्रुण व मातृ ऊतकों के बीच का अस्थाई कार्यिकीय व शारीरिक संरचनात्मक संबंधी भ्रुण में पल रहे उसकी जरूरतों को पूरा करना,उसके स्वास्थ्य की देखभाल करना तथा एक स्त्रावी ग्रंथि की तरह काम करता हैं वहीं अपरा कहलाता हैं।

मानव शरीर में यही एक ऐसी चीज है जो दो प्राणियों के ऊतक से मिलकर बनता हैं।

अपरा के कार्य:–

1. अपरा से जो स्त्रावित हार्मोन्स होते है उसे गर्भावस्था में बनाए रखने और शिशु के जन्म में सहायता करता है।

2. विकसित भ्रुण को अपरा ऑक्सीजन तथा पोषण प्रदान करता है।

3. अपरा के द्वारा उत्सर्जी पदार्थ भ्रूण के रुधिर से माता के रुधिर में चले जाते हैं।

प्रश्न 9. यौवनारम्भ क्या है। चलिए जानते हैं?

उत्तर:यौवनारम्भ वह अवस्था है प्रजनन के पहले अर्थ बाल अवस्था के खत्म होने पर जनन अवस्था का शुरू होना वो यौवनारम्भ अवस्था से होता हैं। यौवनारम्भ जीवन का वह समय होता हैं जिसमें शरीर की हर गतिविधि रुक जाती हैं क्योंकि शरीर की ऊर्जा और संसाधनों का प्रयोग लैंगिक अंग के विकास और वृद्धि से होता है। इस समय में लैंगिक अंग जो होते है वह काम करने लगते है जिससे महिलाओं में अंडाणुओं और पुरुषों में शुक्राणु बनने लगते हैं।

प्रश्न 10. पुरुष के जनन अंग के बारे मे जानते है।

उत्तर: वृषण पुरुष का पहला जनन अंग होता है जो कि एक जोड़ी में होता हैं यह उदर गुहा से बाहर वृषण कोष में होता हैं। वृषण कई सारे नलिकाओं से मिल कर बनता है जिसे शुक्रजनक नलिका कहते हैं इसमें ही शुक्राणु बनते है।

* एपीडीडाइमिस में बहुत सी कुंडलित नलिकाएं होती है यह लगभग 6 मीटर होता हैं जो वृषण अंदर, आगे,पीछे हर तरफ से ढका रहता है साथी इसमें ही शुक्राणु इकट्ठा रहते है।

* शुक्रवाहिनी एपीडीडाइमिस से निकलकर उदरगुहा में प्रवेश करती हैं।

* शिश्न यह पुरुष का मैथुन अंग है जिसमें वीर्य और मूत्र दोनों आते है यह शिशनग्र पर खुलता हैं।

प्रश्न 11. स्त्री के जनन अंग के बारे मे जानते है।

उत्तर: स्त्री का प्राथमिक जनन अंग अंडाशय होता है यह दोनों तरह एक एक उदरगुहा में स्थित होता हैं।

अंडाशय मिसोवेरियम के जरिए उदरगुहा में जुड़ा होता हैं और जो अंडाशय लिगामेंट्स होते इसके जरिए गर्भाशय में जुड़ा होता हैं।

* ग्राफियन पुटिकाए उसे कहते जो अंडाशय की सतह पर छोटे छोटे दानों जैसा दिखता हैं । ग्राफियन पुटिका में ही एस्ट्रोजन और प्रोजेस्ट्रॉन हार्मोन्स का स्राव होता हैं और इसी में अंडाणु बनते है।

* योनि महिला का जनन करने का छेद होता है यह लगभग 8 सेमी नलिका की तरह होती है योनि को जन्म नाल भी कहते है ।

प्रश्न 12. मानव के शुक्राणु के बारे में जानिए।

उत्तर: शुक्राणु: मानव का शुक्राणु लगभग टैडपोल की तरह होता है हम इसे चार भाग में जानेंगे:–

1. पुच्छ – यह शुक्राणु का निचला भाग होता हैं और यह शुक्राणुओं को जनन के समय गति देता है।

2. बीच का भाग– शुक्राणु का बीच का भाग शुक्राणुओं को ऊर्जा देता है और इस भाग में बहुत सारे माइटोकांड्रिया मिलते है ।

3. ग्रीवा – ग्रीवा शुक्राणु के सिर और बीच के भाग को जोड़ता हैं और ग्रीवा में सेन्ट्रियॉल एक जोड़ी है। इसे हम शुक्राणु का गर्दन भी बोल सकते है।

4. शीर्ष – शीर्ष शुक्राणु मुख्य भाग है शीर्ष में ही अंडाकार केंद्रक पाया जाता है। शुक्राणु के शीर्ष के साथ साथ पूरा भाग एक झिल्ली से ढका हुआ रहता है।

इसी तरह के और महत्वपूर्ण प्रश्नों को पढ़ने के लिए हमारे वेबसाइट को जरूर एक बार देखे।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *